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Friday, 4 August 2017

Dhula Dena.....



Oye sunn,
Bhula dena un palo ko jin mai
 maine tumhe Rulaya hai,
yaad krna sirf un palo ko jin mai tumhe bhut hasaya hai

Pagal मुझे तुम से कुछ कहना है.............

मुझे तुम से कुछ कहना है

मुझे तुम से कुछ कहना है
माना कि दिन भर व्यस्त रहती हूँ,
पर न जाने क्यों ?
फिर भी तेरी यादे मुझ पर ज्यादा हावी होने लगती है,
कभी तू, कभी तेरी यादे, मेरा पीछा नहीं छोडती है,
ये एक साये की तरह मेरे आस – पास धूमती रहती है
हर पल, हर जगह तेरा नाम, ना चाहते हुऐ
मेरी जुबान पे आ जाता है,
सुन, जितना तेरी यादो से दूर भागती हूँ,
ये उतनी पास आ जाती हूँ,
जेसेकि इनको कोई काम नहीं है,
जो बिना किसी ब्रेक लगाये,
मेरे पास भाग आती है |
क्या तुम्हे पता है ???????????
इस दुनिया के सभी सातों रंग तेरे बिना फीके लगते है |
अब तेरे बिना एक कदम आगे बढना बिल्कुल अच्छा नहीं लगता,
हर पल तू और तेरा
साथ चाहिए Pagal.......
 
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Saturday, 8 July 2017

बारिश


anu Mehta

भीगते रहते है बारिश में अक्सर, कभी माँगी किसी से पनाह नही.

हसरते पूरी ना हो तो ना सही, ख्वाब देखना तो कोई गुनाह नहीं.